छत्तीसगढ़धर्म कथाएंहिन्दू धर्म कथाएं

देवी-देवताओं का प्रिय है ये वृक्ष, स्वर्ग से आया धरती पर

Parijaat tree, Astrological And Medicinal Benefits Of Parijaat, Parijat Tree, Flowers History in hindi news Parijat Vraksha

Astrological And Medicinal Benefits Of Parijat Tree and Flowers

हरिवंश पुराण में इस पारिजात वृक्ष को कल्पवृक्ष कहा गया है। इसलिए नए जोड़े को इसकी पूजा करने के लिए कहा जाता है ताकि उस के आशीर्वाद से दोनों के बीच अनंत प्रेम बना रहे। इसके फूल रात में खिलते हैं और बिना किसी बाहरी बल के जमीन पर गिर जाते हैं। इसलिए यह एक ऐसा फूल है जिसे भगवान को चढ़ाया जाता है जो भले ही जमीन से क्यों ना उठाए गए हो।

भगवान इंद्र ने स्वर्ग लोक में इसे लगाया था indra and parijat

मान्यता अनुसार जब देवता और असुर समुद्र मंथन कर रहे थे उसमें से निकली कई चीजों में से एक पारिजात वृक्ष भी था। भगवान इंद्र ने स्वर्ग लोक में इसे लगाया था जिसे बाद में उनके पुत्र अर्जुन धरती पर ले आए। पांडवों की मां कुंती इसके सफेद फूलों का इस्तेमाल भगवान शिव की आराधना के लिए करती थी।

मिट जाती थी उर्वशी की थकान  Medicinal Benefits of parijat

इसे हरसिंगार भी कहा जाता है। हरिवंश पुराण में एक ऐसे वृक्ष का उल्लेख मिलता है जिसे छूने से नर्तकी उर्वशी की थकान मिट जाती थी। एक बार नारदमुनि इस वृक्ष से कुछ फूल इंद्र लोक से लेकर भगवान श्रीकृष्ण के पास आए। कृष्ण ने भी फूल अपनी पत्नी रुक्मणी को दे दिए। यह जानकर सत्यभामा को क्रोध आ गया और उन्होंने कृष्ण के पास जाकर इन फूलों की मांग की। कहा जाता है कि बाद में श्रीकृष्ण ने सत्यभामा के हठ को पूर्ण किया।

इच्छा पूर्ण करने वाला वृक्ष parijat Tree

ऐसा भी कहा जाता है कि पारिजात का वृक्ष इच्छा पूरी करने के लिए भी जाना जाता है। एक बार पारिजात नाम की राजकुमारी को भगवान सूर्य से प्रेम हो गया किंतु भगवान सूर्यदेव ने उसके प्रेम आग्रह को स्वीकार करने से मना कर दिया जिससे खिन्न होकर राजकुमारी ने स्वयं को समाप्त कर लिया। कहा जाता है कि जिस स्थान पर राजकुमारी ने स्वयं को समाप्त किया था। वहीं पारिजात का वृक्ष उत्पन्न हुआ। सूर्य उदय के साथ ही पारिजात के वृक्ष में इसी वजह से फूल खिल जाते हैं। टहनियां और प्रत्येक पुष्प दैदिप्यमान हो उठता है।

देवी लक्ष्मी को भी हैं अतिप्रिय Parijat Tree and Flowers 

धन की देवी लक्ष्मी को भी इस वृक्ष के पुष्प अतिप्रिय हैं। उन्हें प्रसन्न करने के लिए पारिजात के वृक्ष के फूल अर्पित किए जाते हैं। इसके अतिरिक्त विभिन्न नक्षत्रों की पूजा के लिए भी पारिजात वृक्ष के फूल उत्तम माने गए हैं।

Leave a reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Technically Supported By : Infowt Information Web Technologies

error: Content is protected !!